Wednesday, 14 February 2018

प्रेम दिवस पर एक ताज़ा गीत -महलों की पीड़ा मत सहना



चित्र -साभार गूगल 


एक गीत -महलों की पीड़ा मत सहना 

महलों की 
पीड़ा मत सहना 
आश्रम में रह जाना |
अब शकुंतला 
दुष्यंतों के 
झांसे में मत आना |

इच्छाओं के 
इन्द्रधनुष में 
अनगिन रंग तुम भरना ,
कोपग्रस्त 
ऋषियों के 
शापों से किंचित मत डरना ,
कभी नहीं 
अब गीत रुदन के 
वन प्रान्तर में गाना |

अबला नारी 
एक मिथक है 
इसी मिथक को तोड़ो ,
अपनी शर्तों पर 
समाज से 
रिश्ता -नाता जोड़ो ,
रिश्तों का 
आधार अंगूठी 
हरगिज नहीं बनाना |

प्रेम वही 
जो दंश न देता 
यह गोकुल ,बरसाने ,
इसे राजवैभव 
के मद में 
डूबा क्या पहचाने ,
एक नया 
शाकुंतल लिखने 
कालिदास फिर आना |
चित्र -साभार गूगल 

विश्व राजनेता मोदी जी

माननीय प्रधानमंत्री भारत सरकार  श्री नरेंद्र मोदी जी  मोदी जी अब विश्व नेता बन चुके हैं-भारत की अलग पहचान बनाने वाले प्रधानमंत्री फिर विकास ...