Thursday, 20 February 2014

मेरा प्रथम नवगीत संग्रह -सदी को सुन रहा हूँ मैं 'प्रकाशक -साहित्य भंडार

मेरे नवगीतों का प्रथम स्वतंत्र संकलन 


पुस्तक का नाम -सदी को सुन रहा हूँ मैं [कवि -जयकृष्ण राय तुषार ]

प्रकाशक -साहित्य भंडार इलाहाबाद [0532-2400787-2402072]
मूल्य -50 और 250[सजिल्द ]
लेजर टाइपसेटिंग -अमन कम्प्यूटर इलाहाबाद 
आवरण -राज यादव 
[अपने ही बारे में क्या लिखा जाय ][कुछ पद्मश्री गोपालदास नीरज कुछ माहेश्वर तिवारी जी ने लिख दिया है ]

एक मौसमी गीत-होठों पे गीत लिए रोपेंगे धान

चित्र साभार गूगल एक गीत- होठों पे  गीत लिए रोपेंगे धान । धानों के साथ हरे होंगे ये पान । फूलों पर खुश होगी तितली की रानी, रिमझिम बरसो बादल ख...